जयन्त प्रतिनिधि।
कोटद्वार : पूर्व सैनिक एवं समाजसेवी स्वर्गीय जगमोहन सिंह आर्य की 20वीं पुण्यतिथि पर आयोजित श्रद्धांजलि सभा में उनके सामाजिक एवं मानवीय योगदान को याद किया गया। कार्यक्रम के दौरान शिक्षा और समाजसेवा के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य करने वाले शिक्षक प्रमोद चौधरी को “जगमोहन सिंह आर्य जनसेवा सम्मान-2026” प्रदान कर सम्मानित किया गया।
घमंडपुर स्थित एक होटल में आयोजित कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि पूर्व काबीना मंत्री सुरेंद्र सिंह नेगी, पूर्व ब्लॉक प्रमुख गीता नेगी तथा सेवानिवृत्त रेंजर केशीराम निराला ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। कार्यक्रम में वक्ताओं ने स्व. आर्य के संघर्षपूर्ण जीवन और समाजहित में किए गए कार्यों को याद करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। मुख्य अतिथि सुरेंद्र सिंह नेगी ने कहा कि स्व. जगमोहन सिंह आर्य ने देश सेवा के बाद अपना जीवन समाज सेवा को समर्पित कर दिया था। वे हमेशा गरीब, जरूरतमंद और वंचित लोगों की आवाज बनकर खड़े रहे। उन्होंने कहा कि समाज के लिए किए गए उनके कार्य हमेशा प्रेरणा देते रहेंगे। मुख्य वक्ता सेवानिवृत्त प्रधानाचार्य मनवर लाल भारती और ओमप्रकाश कोटला ने कहा कि सीआरपीएफ से सेवानिवृत्ति के बाद स्व. आर्य ने गरीब, शोषित और वंचित वर्ग के अधिकारों के लिए लगातार संघर्ष किया। उन्होंने सामाजिक न्याय और शिक्षा के क्षेत्र में अहम भूमिका निभाई। आर्य गिरधारी लाल महर्षि दयानंद ट्रस्ट के अध्यक्ष डॉ. सुरेंद्र लाल आर्य ने बताया कि स्व. आर्य ने कई सामाजिक संगठनों के माध्यम से सामाजिक न्याय की मुहिम को मजबूती प्रदान की। वहीं उनके पुत्र विकास कुमार आर्य ने कहा कि उनके पिता हमेशा अन्याय और भेदभाव के खिलाफ आवाज उठाते रहे तथा शिक्षा को समाज परिवर्तन का सबसे प्रभावी माध्यम मानते थे। सम्मान प्राप्त करने के बाद शिक्षक प्रमोद चौधरी ने कहा कि स्व. जगमोहन सिंह आर्य की स्मृति में जल्द ही एक ट्रस्ट बनाया जाएगा, जो आर्थिक रूप से कमजोर एवं मेधावी बच्चों की शिक्षा में सहयोग करेगा।