रूड़की। शक्ति विहार कॉलोनी निवासी एक व्यक्ति ने अपने 29 वर्षीय बेटे विशाल की मौत को हादसा नहीं बल्कि हत्या बताते हुए मामले की दोबारा निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। मृतक के पिता सरबजीत सिंह ने एसीजेएम रुड़की न्यायालय में प्रार्थना पत्र देकर बेटे के तीन दोस्तों पर हत्या का आरोप लगाया है। उन्होंने मामले में उच्च स्तरीय जांच कराकर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर तीन आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
प्रार्थना पत्र में सरबजीत सिंह ने बताया कि उनका बेटा विशाल 24 अगस्त 2025 की रात खाना खाने के बाद अपने दोस्त संजीत उर्फ डी, विशाल उर्फ सैम्पो और जतिन के साथ घर से निकला था। रात करीब एक बजे विशाल ने अपनी मां को फोन कर बताया था कि उसके साथ कुछ मामला हो गया है और वह कुछ देर बाद घर आएगा। इसके बाद उसका मोबाइल बंद हो गया था। परिजनों के अनुसार, 26 अगस्त को गंगनहर के रेलवे पुल के पास विशाल का शव बरामद हुआ था।
पिता का आरोप है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में शरीर पर कई चोटें और गले पर धारदार हथियार के निशान मिले हैं। इससे यह दुर्घटना नहीं बल्कि हत्या प्रतीत होती है। सरबजीत सिंह ने आरोप लगाया कि पूर्व में पुलिस ने मामले को दुर्घटना मानते हुए कार्रवाई नहीं की। उन्होंने कोर्ट से मांग की कि किसी अन्य जांच एजेंसी या उच्च स्तरीय टीम से जांच कराकर आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की जाए। प्रार्थना पत्र में सीसीटीवी फुटेज की जांच, घटनास्थल की जांच, दोस्तों के बयान और अन्य बिंदुओं पर निष्पक्ष जांच की मांग भी की गई है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार कोर्ट के आदेश पर तीन आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।