अल्मोड़ा। राष्ट्रीय पुरानी पेंशन बहाली संयुक्त मोर्चा (एनओपीआरयूएफ) उत्तराखंड के तत्वावधान में आयोजित पेंशन न्याय यात्रा शुक्रवार को डाना गोल्ज्यू मंदिर से चितई स्थित गोल्ज्यू महाराज मंदिर तक निकाली गई। यात्रा में प्रदेश के विभिन्न जनपदों से आए कर्मचारियों, शिक्षकों, अधिकारियों और पेंशन समर्थकों ने भाग लिया। यात्रा के दौरान प्रतिभागियों ने गोल्ज्यू महाराज मंदिर पहुंचकर पुरानी पेंशन बहाली की मांग को लेकर प्रार्थना की। कर्मचारियों ने कहा कि पुरानी पेंशन व्यवस्था सेवानिवृत्ति के बाद सामाजिक और आर्थिक सुरक्षा का आधार है तथा इसकी बहाली उनकी प्रमुख मांग है। मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष मनोज अवस्थी ने कहा कि यात्रा ने कर्मचारियों की एकजुटता और पुरानी पेंशन के प्रति उनके संकल्प को मजबूत किया है। प्रदेश महासचिव सीताराम पोखरियाल ने कहा कि कर्मचारियों ने न्याय के प्रतीक गोल्ज्यू महाराज के समक्ष अपनी मांग रखी है और उन्हें इसके सकारात्मक परिणाम की उम्मीद है। प्रदेश महिला अध्यक्षा रानीता विश्वकर्मा और मातृ शक्ति प्रकोष्ठ की प्रतिनिधि सुधा पांडे ने कहा कि पुरानी पेंशन कर्मचारियों के साथ-साथ उनके परिवारों की सुरक्षा से भी जुड़ा विषय है। उन्होंने महिला कर्मचारियों और परिवारों से संगठन से जुड़कर आंदोलन को मजबूत बनाने का आह्वान किया। कुमाऊं मंडल कार्यकारिणी के गिरीश पनेरू और नरेंद्र पटवाल ने कहा कि यात्रा की सफलता से संगठन को नई मजबूती मिली है तथा सदस्यता अभियान को और व्यापक बनाया जाएगा। गढ़वाल मंडल मंत्री राजीव उनियाल ने कहा कि प्रदेशभर में कर्मचारियों के बीच इस अभियान को लेकर उत्साह बढ़ा है और जल्द ही बड़े स्तर पर जनजागरण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। कार्यक्रम में विक्रम सिंह रावत, जसपाल गोसाई, कीर्ति भट्ट, अभिषेक नवानी, सतीश कुमार, दिनेश सिंह नेगी, जगत फरसावन, संतान रावत, जितेंद्र प्रसाद, दयासागर उनियाल, माखनलाल शाह, पूरन फरसावन सहित विभिन्न जनपदों से आए अनेक कर्मचारी एवं पदाधिकारी मौजूद रहे। कार्यक्रम के अंत में प्रतिभागियों ने पुरानी पेंशन बहाली की मांग को दोहराते हुए कर्मचारी हितों की रक्षा के लिए आंदोलन जारी रखने का संकल्प लिया।