ऋषिकेश। चारधाम यात्रा के लिए ऑफलाइन रजिस्ट्रेशन को ऋषिकेश पहुंचे 88 यात्री हेल्थ स्क्रीनिंग में अनफिट घोषित किए गए हैं। इसमें 86 यात्री लिखित में चिकित्सकों को पत्र देकर खुद के रिस्क पर यात्रा को रवाना हुए हैं, जबकि दो यात्रियों ने चिकित्सकों की सलाह को मानते हुए पूरी तरह से स्वस्थ होने के बाद यात्रा करने का फैसला लिया है। अस्पताल के नोडल अधिकारी विजय गौड़ ने बताया कि 1,050 यात्रियों की अभी तक स्वास्थ्य जांच की जा चुकी है। इनमें 88 यात्री ऐसे हैं, जो कि स्वास्थ्य के लिहाज से अनफिट मिले हैं, जो कि शुगर, ब्लड प्रेशर और सांस के रोग से ग्रसित हैं। —2115 यात्रियों ने कराया पंजीकरण: बदरीनाथ धाम के कपाट खुलने के बाद राजस्थान, गुजरात, मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र समेत विभिन्न राज्यों से यात्रियों के जत्थों का ऋषिकेश में ऑफलाइन रजिस्ट्रेशन के लिए पहुंचने का क्रम जारी है। गुरुवार को भी सुबह से लेकर शाम तक चारधाम ट्रांजिट केंद्र में 2,115 यात्रियों ने धामों के लिए रजिस्ट्रेशन कराया। मोबाइल रजिस्ट्रेशन टीम ने बुजुर्ग यात्रियों को ट्रांजिट केंद्र परिसर में ही पंजीकरण भी किया। आश्रम, धर्मशाला और सराय में भी टीम के सदस्य यात्रियों के रजिस्ट्रेशन के लिए पहुंचे। वहीं, संयुक्त रोटेशन यात्रा व्यवस्था समिति की 25 बसों में 694 यात्री गुरुवार को आस्थापथ पर रवाना हुए।शहर में बढ़ा वाहनों का दबावचारधाम यात्रा में तीर्थयात्रियों की आमद बढ़ने से नगर क्षेत्र की सड़कों पर यात्रियों का दबाव भी बढ़ गया है। गुरूवार को मुख्य मार्ग हरिद्वार रोड पर यात्री और पर्यटक वाहनों की भीड़भाड़ में स्थानीय लोगों को आवागमन में दुश्वारियां पेश आई। जयराम चौक से लेकर चंद्रभागा पुल तक सुबह से लेकर रात तक स्लो ट्रैफिक की समस्या बनी रही। यातायात को नियंत्रित रखने के लिए चौक-चौराहों पर पुलिसकर्मी तैनात दिखे, लेकिन वाहनों के अत्याधिक दबाव में भी ट्रैफिक को सुचारू रखने में बेबस होते नजर आए।