राष्ट्रपति को भेजा ज्ञापन, एसआईआर पर रोक लगाने और मुख्य चुनाव आयुक्त को हटाने की मांग
जयन्त प्रतिनिधि।
कोटद्वार : विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) प्रक्रिया में धांधली का आरोप लगाते हुए इंडिया गठबंधन से जुड़े कांग्रेस समेत अन्य दलों ने गुरुवार को नगर में प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने मुख्य चुनाव आयुक्त पर पद के दुरुपयोग का आरोप लगाते हुए एसआईआर प्रक्रिया पर तत्काल रोक लगाने की मांग की।

कांग्रेस की महानगर अध्यक्ष मीना बछुवाण और भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के जगदीश कुलियाल व विपिन उनियाल के नेतृत्व में कार्यकर्ता तहसील परिसर पहुंचे। यहां उन्होंने उपजिलाधिकारी संदीप कुमार के माध्यम से राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजा। ज्ञापन में कहा गया कि वर्तमान में एसआईआर प्रक्रिया संदेह के घेरे में है। आरोप लगाया गया कि एसआईआर की आड़ में कई प्रदेशों में बड़ी संख्या में मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटाए गए हैं, जिससे वे अपने संवैधानिक अधिकार से वंचित हो सकते हैं। प्रदर्शनकारियों ने लोकतंत्र की रक्षा के लिए मुख्य चुनाव आयुक्त को पद से हटाने और एसआईआर प्रक्रिया पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाने की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने महंगाई और भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने की मांग भी की। साथ ही शिक्षा पाठ्यक्रमों से देश के सपूतों के इतिहास को नहीं हटाने, देश और प्रदेश में सार्वजनिक संपत्तियों की बिक्री पर रोक लगाने तथा निजीकरण पर रोक लगाने की मांग उठाई। ज्ञापन में अंकिता भंडारी हत्याकांड की सीबीआई जांच पूरी कराने और लालढांग-चिलरखाल मोटर मार्ग को एलीवेटेड किए जाने की मांग भी शामिल रही। इस दौरान प्रवीन रावत, गीता नेगी, बलवीर सिंह रावत, रंजना रावत, आशुतोष चंद्र, बचन सिंह रावत, शिवम भूषण, विमला गढ़वाली, जगदीश कुलियाल और एनएस नेगी सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।