नई टिहरी। वनाग्नि की घटनाओं को रोकने और व्यवस्थाओं में ओर सुधार लाने के मुख्य वन संरक्षक एवं टिहरी जिले के नोडल अधिकारी पीके पात्रो, भागीरथी वृत्त वन संरक्षक धर्म सिंह मीणा ने वन अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए हैं। उन्होंने वनाग्नि की घटनाओं को अंजाम देने वाले असामाजिक तत्वों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करते हुए मुकदमा दर्ज करने के निर्देश दिए। मुख्य वन संरक्षक पात्रो ने निरीक्षण के दौरान वनाग्नि की घटनाओं के प्रभावी न्यूनीकरण एवं त्वरित नियंत्रण किए जाने के विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए। उन्होंने डाइजर स्थित विभाग के मास्टर कंट्रोल रूम और फायर क्रू स्टेशनों का निरीक्षण किया। वनाग्नि की घटनाओं को लेकर अधिकारी कठोर कदम उठाएं। वनाग्नि की सूचना पर तत्काल वन कर्मियों को मौके पर भेजकर वनाग्नि रोकने हेतु आवश्यक कदम उठाएं जाए। वन संरक्षक भागीरथी वृत्त मीणा ने कहा कि वनाग्नि की घटनाओं को रोकने के लिए वन विभाग आमजन की सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित करे। डीएफओ पुनीत तोमर ने बताया वनाग्नि को रोकने के लिए 183 फायर क्रू स्टेशनों की स्थापना की गई है। 654 फायर वाचरों की तैनाती की गई है। सभी फायर क्रू स्टेशनों पर अग्निशमन उपकरण, फायर वाचरों के लिए गुड-चना सहित आवश्यक पोषण सामग्री रखी गई है। वनग्नि को रोकने के लिए ग्राम पंचायत, स्कूलों में 575 गोष्ठियां की जा चुकी है। इसके अलावा मॉक ड्रिल अभ्यास भी किए गए हैं। 14 पिरूल एकत्रीकरण केंद्र स्थापित किए गए हैं। इस मौके पर डीएफओ नरेंद्रनगर दिंगथ नायक, डीएफओ संदीपा शर्मा, एसडीएओ जन्मेजय चंद रमोला, रेंज अधिकारी प्रदीप चौहान, आजम खान आदि मौजूद थे।