चमोली। हेमकुंड साहिब के कपाट खुलने को लेकर गुरुद्वारा प्रबंधन की ओर से तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। इसको लेकर गुरुद्वारे को फूलों और एलईडी लाइटों से सजाया जा रहा है। हेमकुंड साहिब गुरुद्वारे के मुख्य द्वार और पालकी को करीब साढ़े तीन क्विंटल फूलों से सजाया जाएगा। हेमकुंड साहिब के कपाट 23 मई को खोले जाएंगे। 20 मई को ऋषिकेश गुरुद्वारे से पहला जत्था पंच प्यारों की अगुवाई में हेमकुंड साहिब के लिए रवाना होगा। वहां से ज्योतिर्मठ, गोविंदघाट गुरुद्वारे में आने के बाद बैंड बाजों की धुन के साथ जत्था घांघरिया के लिए रवाना होगा। कपाट खुलने की प्रक्रिया को भव्य बनाने के लिए गुरुद्वारा प्रबंधन की ओर से तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। इसके लिए यात्रा पड़ावों से लेकर हेमकुंड साहिब तक गुरुद्वारे को फूलों और लाइटों से सजाने का काम शुरू हो गया है। गुरुद्वारा प्रबंधक सेवा सिंह ने बताया कि कपाट खुलने से पूर्व श्रीनगर, ज्योतिर्मठ, गोविंदघाट, घांघरिया और हेमकुंड साहिब गुरुद्वारे को सजाना शुरू कर दिया गया है। घांघरिया व हेमकुंड साहिब गुरुद्वारे में सजावट व अन्य व्यवस्थाओं के लिए टीमें रवाना कर दी गई हैं।