रुद्रपुर। जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) प्रारंभिक शिक्षा ने निरीक्षण के दौरान सितारगंज और बाजपुर ब्लॉक के राजकीय प्राथमिक विद्यालयों में गंभीर अनियमितताएं मिलने पर दो प्रधानाध्यापकों को निलंबित कर दिया है। इसमें से एक को उप शिक्षा अधिकारी, खटीमा और दूसरे को काशीपुर कार्यालय से संबद्ध कर दिया है। डीईओ हरेन्द्र कुमार मिश्रा ने 28 मार्च 2026 को विकासखंड सितारगंज के राजकीय प्राथमिक विद्यालय औदली का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान कई शिक्षक विद्यालय के समय में ही विभिन्न कार्यों के लिए अनुपस्थित पाए गए। हालांकि उनके बाहर जाने का उल्लेख आवागमन पंजिका में दर्ज था, लेकिन यह स्थिति शिक्षण कार्य के प्रति लापरवाही को दर्शाती है। विद्यालय के प्रधानाध्यापक राजपाल सिंह की ओर से खरीदी गई सामग्री के बिल वाउचर तो थे, लेकिन संबंधित सामग्री विद्यालय में नहीं पाई गई और न ही स्टॉक पंजिका उपलब्ध थी। निरीक्षण में अन्य अनियमितताएं भी सामने आईं। इस पर कार्रवाई करते हुए डीईओ ने प्रधानाध्यापक राजपाल सिंह को निलंबित कर उप शिक्षा अधिकारी, खटीमा कार्यालय से संबद्ध कर दिया। वहीं 8 सितंबर 2025 को विकासखंड बाजपुर के राजकीय प्राथमिक विद्यालय मडैयाहटू में किए गए निरीक्षण में भी अनियमितताएं सामने आईं। प्रधानाध्यापक नीरज कुमार शिक्षण कार्य करने के बजाय अन्य शिक्षकों के साथ बैठे पाए गए। विद्यालय में पंजीकृत 89 छात्रों के सापेक्ष केवल 56 छात्र ही उपस्थित थे। तीन भोजनमाताओं के स्थान पर केवल दो ही उपस्थित मिलीं, जबकि उनकी उपस्थिति पंजिका भी उपलब्ध नहीं थी। जांच में यह भी पाया गया कि मानक से अधिक भोजनमाताओं को कार्यरत रखकर उन्हें मानदेय दिया जा रहा था। इसके अतिरिक्त मध्याह्न भोजन (एमडीएम) पंजिका के रखरखाव में लापरवाही पाई गई। साथ ही यू-डायस पोर्टल व एमडीएम अभिलेखों में छात्र संख्या को लेकर विसंगतियां दर्ज थीं। इन गंभीर अनियमितताओं को देखते हुए प्रधानाध्यापक नीरज कुमार को भी निलंबित कर उप शिक्षा अधिकारी, काशीपुर कार्यालय से संबद्ध कर दिया गया है।कोट-निरीक्षण के दौरान दो विद्यालयों में अनियमितताएं मिली हैं। दोनों प्रधानाध्यापकों को निलंबित कर उप शिक्षा अधिकारी कार्यालय से संबद्ध किया गया है। शिक्षा व्यवस्था में लापरवाही और अनियमितताओं को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। औचक निरीक्षण लगातार जारी रहेंगे और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।-हरेन्द्र कुमार मिश्रा, जिला शिक्षा अधिकारी (प्रारंभिक शिक्षा)