हरिद्वार। पुरानी पेंशन बहाली के लिए सेवानिवृत्त कर्मचारियों ने जिलाधिकारी कार्यालय तक बाइक रैली निकाली। आरोप लगाया कि सरकार उनकी जायज मांगों को दरकिनार कर रही है। जटवाड़ा पुल पर सभा के दौरान पुरानी पेंशन बहाली राष्ट्रीय आंदोलन के सदस्यों ने कहा कि सरकार जल्द से जल्द पुरानी पेंशन बहाल करें। कर्मचारियों से सरकार सारे काम तो करवाती है लेकिन जब देने का समय आता है तो हाथ पीछे खींच लेती है। अब ऐसा नहीं चलेगा और कर्मचारी अपनी पुरानी पेंशन लेकर रहेंगे। उन्होंने कहा कि आगामी विधानसभा चुनाव में पुरानी पेंशन बहाल करने का वादा करने वाली पार्टी को वोट दिया जाएगा।
अन्य प्रदेशों में इसी मुद्दे पर सरकारें बन गई और पुरानी पेंशन भी बहाल हुई है। इस दौरान प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री को ज्ञापन भी भेजा गया। इस अवसर पर प्रांतीय अध्यक्ष जीतमणि पैन्यूली, महामंत्री मुकेश रतूड़ी, कोषाध्यक्ष शांतनु शर्मा, पश्चिमी उत्तर प्रदेश प्रभारी चंद्रहास सिंह, गढ़वाल मंडल अध्यक्ष विकास कुमार शर्मा, संरक्षक मुकेश चौहान, मनोज सैनी, उपाध्यक्ष वीर सिंह पंवार, पूर्व प्रदेश महासचिव शिवा अग्रवाल, प्रभारी सदाशिव भास्कर, जिलाध्यक्ष सुखदेव सैनी, जिलामंत्री दीपक चौहान, अश्वनी चौहान, हेमेंद्र चौहान, उत्तराखंड माध्यमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष राजेश सैनी, जेपी चाहर, ललित मोहन जोशी, रिजवान अली, शशिभूषण आदि मौजूद रहे।
संगठन की प्रमुख मांगें:
1. पुरानी पेंशन व्यवस्था को तत्काल प्रभाव से बहाल किया जाए।
2. सरकारी विभागों के निजीकरण पर रोक लगाई जाए एवं पुनर्विचार किया जाए।
3. 23 अगस्त 2010 से पूर्व नियुक्त शिक्षकों को टीईटी से पूर्णतः मुक्त किया जाए।